व्यवस्था

इधर कई दिनों से
समाचार पत्रों में
यह खबर छप रही थी।
उसे पकड़ने वाले को
दिया जाएगा
पच्चीस लाख का इनाम ।
कई हत्यायें,बलत्कार , तस्करी
के हैं उस पर इल्जाम ।

आखिर पकड़ा हींं गया वह
पच्चीस लाख के इनाम
हुआ इसके नाम ।
कितना खुश दीख रहा है यह
दीखे भी तो क्यों नहीं
जान अपनी जोखिम में
डाला था इसने
फिर पच्चीस लाख की रकम
कोई कम नहीं है इसके लिए
पूरे देश में इसकी बहादुरी की
खबर फैल गई है
जंगल में जैसे आग लग गई है।
कल इनाम मिलना तय है इसे
मगर सारी खुशियाँ इसकी
हो गई बेकार ।
आज अखबार के
पहले पृष्ठ पर छपी है
पच्चीस लाख के इनामी कैदी
पुख्ता इंतजाम के बाद भी फरार ।।
         - मुकेश कुमार ठाकुर।

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